बनारस रेलवे स्टेशन पर मनमानी पार्किंग वसूली का खुलासा: ठेका निरस्त, FIR दर्ज
वाराणसी। बनारस रेलवे स्टेशन पर मनमानी तरीके से पार्किंग शुल्क वसूलने के मामले में रेलवे प्रशासन ने कड़ा कदम उठाया है। प्लेटफॉर्म नंबर एक की पार्किंग का ठेका तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है।
साथ ही ठेकेदार के कर्मचारियों के खिलाफ रेलवे सुरक्षा बल (RPF) थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।रेलवे प्रशासन की यह कार्रवाई उस शिकायत के बाद हुई है, जो एक व्यक्ति द्वारा सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ (पूर्व ट्विटर) पर की गई थी।
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर एक पर दोपहिया और चारपहिया वाहनों से प्रति घंटे 100 से 200 रुपये तक अवैध रूप से वसूला जा रहा था। इस दर से बाइक चालकों को 24 घंटे के लिए 2400 रुपये तक देने पड़ते थे।
रेलवे ने की सख्त कार्रवाईरेलवे के जनसंपर्क अधिकारी (PRO) अशोक कुमार ने बताया कि सोशल मीडिया पर शिकायत मिलते ही मामले की जांच कराई गई और आरोप सही पाए गए। इसके बाद बनारस स्टेशन की पार्किंग का ठेका निरस्त कर दिया गया।
उन्होंने बताया कि निर्धारित दर से अधिक शुल्क वसूलने के मामले में ठेकेदार के कर्मचारियों के खिलाफ विधिक धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है। साथ ही स्टेशन पर तैनात जिम्मेदार रेलवे कर्मियों के खिलाफ भी अनुशासनात्मक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
यात्रियों को राहत और सख्ती का संदेशरेलवे की इस तत्परता को यात्रियों के हित में एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है। सोशल मीडिया पर इस कार्रवाई की सराहना हो रही है और इसे भ्रष्टाचार के खिलाफ “जीरो टॉलरेंस नीति” के तहत उठाया गया कदम कहा जा रहा है।






