सीएम योगी आदित्यनाथ ने मां दुर्गा की पूजा की, 100 महिलाओं को सिलाई मशीनें वितरित कीं

वाराणसी, 07 अक्टूबर 2024 (उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज वाराणसी के सिगरा स्थित भारत सेवाश्रम संघ में आयोजित श्री श्री दुर्गा पूजा समारोह में मां दुर्गा की पूजा-अर्चना की। इस अवसर पर उन्होंने 100 महिलाओं को सिलाई मशीनें भी वितरित कीं। उन्होंने सभी उपस्थित जनों को शारदीय नवरात्रि की शुभकामनाएं देते हुए एकता, अखंडता और सेवा का संदेश दिया।

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि हिंदू धर्म ‘अहिंसा परमो धर्मः’ की बात करता है, लेकिन साथ ही ‘धर्म हिंसा तथैव चः’ का भी सिद्धांत देता है, जिसका अर्थ है कि राष्ट्र की रक्षा और निर्दोषों की सुरक्षा के लिए आवश्यक होने पर हिंसा भी धर्मसम्मत हो सकती है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि राष्ट्र और समाज की सुरक्षा सबसे पहले है, और कोई भी तत्व जो शांति और सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास करेगा, उसे कानून का सामना करना पड़ेगा।

योगी आदित्यनाथ ने कुछ ऐसे तत्वों की आलोचना की जो हिंदू देवताओं और महापुरुषों के प्रति अपमानजनक टिप्पणी करना अपना अधिकार समझते हैं। उन्होंने कहा कि इन कार्यों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और इसके लिए कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विरोध के नाम पर हिंसा और तोड़फोड़ अस्वीकार्य है, और कानून को हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

सीएम योगी ने बंगाल की स्थिति पर भी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि बंगाल, जो कभी सनातन धर्म और भारतीय संस्कृति का गढ़ था, आज वहां सनातन धर्म असहाय और असुरक्षित महसूस करता है। उन्होंने कहा कि जबकि उत्तर प्रदेश में हर्षोल्लास से पर्व मनाए जा रहे हैं, वहीं बंगाल में धार्मिक आयोजन के लिए भी दस बार सोचना पड़ता है। उन्होंने भारत सेवाश्रम संघ की राष्ट्रवादी विचारधारा और सेवा कार्यों की प्रशंसा करते हुए कहा कि स्वामी प्रणवानंद द्वारा स्थापित यह संघ समाज सेवा और राष्ट्र हित में अत्यंत महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है।

मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की प्रशंसा करते हुए कहा कि पिछले 10 वर्षों में भारत ने आर्थिक रूप से विश्व में अपनी पहचान बनाई है। वर्तमान में भारत दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है, और अगले तीन वर्षों में यह तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा। उन्होंने कहा कि आर्थिक विकास के साथ-साथ भारत की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत का संरक्षण भी अत्यंत आवश्यक है, जिसके लिए हमें एकजुट होकर कार्य करना होगा।

इस अवसर पर स्वामी पूर्ण आत्मानंद जी महाराज, महापौर अशोक तिवारी, विधायक सौरभ श्रीवास्तव, डॉ. नीलकंठ तिवारी, और अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे।