Prestigious Observer Awards Announced
राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित प्रो. सुधाकर दीक्षित को ऑब्जर्वर पीस फाउंडेशन ने 21वीं सदी का उत्कृष्ट व्यक्ति घोषित किया
क्लीन मीडिया टुडे
वाराणसी, 28 सितंबर :सीएमटी: ऑब्जर्वर पीस फाउंडेशन ने इस वर्ष का अपना सबसे प्रतिष्ठित सम्मान, ‘ऑब्जर्वर आउटस्टैंडिंग पीपल ऑफ द 21st सेंचुरी अवार्ड’, सम्पूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय, वाराणसी के न्याय मीमांसा एवं वेदान्त के पूर्व आचार्य, राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित प्रोफेसर सुधाकर दीक्षित को प्रदान करने की घोषणा की है।

फाउंडेशन के अध्यक्ष डा. अमर बहादुर सिंह ने आज इस वर्ष के ऑब्जर्वर पुरस्कारों की घोषणा करते हुए बताया कि राष्ट्रपति पुरस्कृत प्रोफेसर सुधाकर दीक्षित को यह सम्मान भारतीय दर्शन, वेदांत और न्याय मीमांसा के क्षेत्र में उनके अप्रतिम योगदान और जीवन भर की अकादमिक तपस्या के लिए दिया गया है। प्रोफेसर दीक्षित भारतीय ज्ञान परंपरा एवं मनीषा के संवाहक हैं। गीता एवं वेदान्त के उद्भट विद्वान प्रोफेसर सुधाकर दीक्षित की उत्कृष्ट विद्वत्ता एवं शास्त्रों के प्रति समर्पित उनके जीवन ने उन्हें इस शताब्दी के सबसे उत्कृष्ट विचारकों की श्रेणी में ला खड़ा किया है।
डा. अमर बहादुर सिंह ने कहा कि समाज में हर व्यक्ति अपने दैनिक कर्तव्यों का निर्वहन करने का प्रयास करता है लेकिन जो व्यक्ति अपने गहन चिंतन, निस्वार्थ सेवा और उत्कृष्ट कर्तव्यों के माध्यम से समाज को एक नई दिशा या नया आयाम देते हैं वे निश्चित ही विशिष्ट होते हैं। ऐसे ही विशिष्ट और असाधारण लोगों की पहचान कर उन्हें सम्मानित करने का पुनीत कार्य ऑब्जर्वर पीस फाउंडेशन, वाराणसी द्वारा निरंतर किया जा रहा है। यह संस्था विगत 25 वर्षों से समाज में अपनी सेवा और कर्तव्य से एक अलग पहचान बनाने वाले शिक्षाविदों, चिकित्सकों, अधिवक्ताओं, पत्रकारों, प्रशासनिक अधिकारियों, पुलिस अधिकारियों और समाजसेवियों को पुरस्कृत और सम्मानित करती रही है।
इस वर्ष महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी शहीद भगत सिंह की जयंती (28 सितम्बर 2026) के पावन अवसर पर ऑब्जर्वर पीस फाउंडेशन द्वारा विभिन्न श्रेणियों में देश के आदर्श मनीषियों और विशिष्टजनों को सम्मानित करने की ऐतिहासिक घोषणा की गई।
ऑब्जर्वर लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड
जीवन भर समाज, धर्म, शिक्षा और राजनीति के माध्यम से मानवता की सेवा करने वाले दिग्गजों को ‘ऑब्जर्वर लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड’ से विभूषित किया जा रहा है। इस श्रेणी में अध्यात्म और समाज सेवा के प्रकाश स्तंभों को शामिल किया गया है।
बौद्ध धर्म के महान भिक्षु और कुशीनगर (उत्तर प्रदेश) के भदन्त बोध्यान्ग गौतम महास्थविर को शांति और करुणा के संदेशों के प्रसार के लिए इस वर्ष लाइफ टाइम अचीवमेंट सम्मान से नवाजा जा रहा है।

इसी श्रेणी में उत्तर प्रदेश विधान परिषद (गोरखपुर) के सदस्य सी.पी. चन्द को उनके सुदीर्घ राजनीतिक और सामाजिक योगदान के लिए सम्मानित किया जा रहा है।

अन्य प्रतिष्ठित हस्तियों में सिद्धपीठ भुड़कुड़ा मठ गाजीपुर के पीठाधीश्वर पूज्य महन्त श्री शत्रुघ्नदास जी महाराज; सिद्धपीठ श्री पलटू दास जी अखाड़ा, अयोध्या के पीठाधीश्वर पूज्य महन्त श्री धर्मेन्द्र दास शास्त्री जी महाराज; श्री कबीर मठ तुरकी, मुजफ्फरपुर (बिहार) के पीठाधीश्वर महन्त डॉ. सुन्दर दास शास्त्री जी; देवरिया के कबीर पंथी साधु सन्त श्री रामसनेही दास जी; पिल्ग्रिम्स पब्लिशिंग, स्वराज आश्रम और शास्त्र संग्रहालय एवं अनुसंधान ट्रस्ट, वाराणसी के संस्थापक सनातनी रामानन्द जी को भी सम्मानित किया जाएगा।
शिक्षा जगत से इस लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड के लिए जीवाजी विश्वविद्यालय, ग्वालियर के कुलपति प्रो. दिवाकर सिंह राजपूत; गोविन्द बल्लभ पंत सामाजिक विज्ञान संस्थान, प्रयागराज के निदेशक प्रोफेसर योगेन्द्र प्रताप सिंह; महात्मा गांधी अंतर्राष्ट्रीय हिन्दी विश्वविद्यालय (वर्धा) के क्षेत्रीय केन्द्र झूसी, प्रयागराज के अकादमिक निदेशक प्रोफेसर अखिलेश दुबे; कोल्हान विश्वविद्यालय, चाईबासा के पूर्व प्रति कुलपति प्रोफेसर (डॉ.) रंजीत कुमार सिंह; एम.एल.एस. यूनिवर्सिटी, उदयपुर के पूर्व कुलपति प्रो. अमरीका सिंह; तथा बसंत महिला महाविद्यालय, राजघाट, वाराणसी की प्राचार्य प्रो. (डॉ.) अलका सिंह को चुना गया है।
ऑब्जर्वर यंग एक्सीलेंस अवार्ड एवं मैन ऑफ द ईयर
युवा ऊर्जा, नवीन सोच और अपने-अपने क्षेत्रों में उत्कृष्टता का परचम लहराने वाली होनहार प्रतिभाओं को इस वर्ष विशेष रूप से सम्मानित किया जा रहा है।
युवा उत्कृष्टता (Young Excellence) के प्रतीक और क्लीन मीडिया टुडे, वाराणसी के मुख्य संवाददाता रितेश चंद्र श्रीवास्तव को पत्रकारिता और सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में उनके शानदार कार्य के लिए इस वर्ष ऑब्जर्वर यंग एक्सीलेंस अवार्ड से सम्मानित किया जा रहा है।

इसी विशिष्ट युवा और उत्कृष्ट श्रेणी में अमोद प्रताप सिंह को भी उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित किया जा रहा है। इस वर्ष पुरस्कृत होने वालों में वह सबसे युवा हैं।

यंग एक्सीलेंस अवार्ड से कलिंगा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंस, भुवनेश्वर की सहायक प्रोफेसर डॉ. जैस्मीन पटनायक; राजेन्द्र सिंह (रज्जू भैया) विश्वविद्यालय, प्रयागराज के सहायक प्रोफेसर डॉ. मनोज कुमार यादव; राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज के सहायक प्रोफेसर डॉ. संजय कुमार सिंह; और बरेका, वाराणसी के केन्द्रीय चिकित्सालय की फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. मोनिका सिंह को भी सम्मानित किया जा रहा है।
इस वर्ष मैन ऑफ द ईयर अवार्ड की श्रेणी में वाराणसी के वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. विवेक राज सिंह; नेहरू ग्राम भारती मानित विश्वविद्यालय, प्रयागराज के डॉ. राजेश कुमार तिवारी एवं शोध निदेशक डॉ. आदिनाथ; राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान, पटना के डॉ. मनीष तिवारी; इलाहाबाद उच्च न्यायालय (लखनऊ खंडपीठ) की अधिवक्ता श्रीमती कामिनी सिंह; केन्द्रीय हिन्दी संस्थान (आगरा) के प्रोफेसर उमापति दीक्षित; और जौनपुर के पूर्व सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता श्री कमलेश शुक्ल को सम्मानित किया जाएगा।
ऑब्जर्वर बेस्ट जर्नलिस्ट अवार्ड
इस वर्ष पहली बार लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को मजबूती प्रदान करने वाले और निर्भीक पत्रकारिता के माध्यम से समाज का मार्गदर्शन करने वाले श्रेष्ठ पत्रकारों को ‘बेस्ट जर्नलिस्ट अवार्ड’ से अलंकृत किया जा रहा है।
द प्रेस ट्रस्ट ऑफ इंडिया (PTI) एवं भाषा, मंगलूरू (कर्नाटक) के ब्यूरो प्रमुख एवं प्रधान संवाददाता डॉ. इन्दुकान्त दीक्षित को उनकी निष्पक्ष, त्वरित और उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए सर्वश्रेष्ठ पत्रकार के पुरस्कार से सम्मानित किया जा रहा है। उन्होंने जिस प्रकार अपने लगभग साढ़े तीन दशकों के पत्रकारिता के जीवन में पत्रकारिता के मूल्यों को अक्षुण्ण रखने के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया उसकी फाउंडेशन ने भूरि भूरि प्रशंसा की और कहा कि यह अन्य पत्रकारों के लिए अनुकरणीय है।

डा. इन्दुकान्त दीक्षित के साथ ही ए.एन.आई. (ANI), वाराणसी के ब्यूरो प्रमुख डॉ. गिरीश कुमार दूबे; द पायनियर, वाराणसी के विशेष संवाददाता श्री रमेश कुमार सिंह; द टाइम्स ऑफ इण्डिया, वाराणसी के वरिष्ठ संवाददाता श्री बिनय सिंह; और जनवार्ता हिन्दी दैनिक / डिजिटल, वाराणसी के समूह संपादक डॉ. राजकुमार सिंह को भी इस वर्ष इस सर्वोच्च सम्मान के लिए चुना गया है।
ऑब्जर्वर बेस्ट टीचर्स अवार्ड
शिक्षक समाज का वास्तविक निर्माता होता है। नई पीढ़ी के भविष्य को गढ़ने वाले श्रेष्ठ गुरुओं को ‘बेस्ट टीचर्स अवार्ड’ से सम्मानित किया जा रहा है।
शिक्षक न केवल ज्ञान देता है बल्कि छात्रों में वास्तविक नेतृत्व क्षमता विकसित कर उसे समाज के सभी क्षेत्रों में नेतृत्व करने के योग्य बनाता है।
कैम्ब्रियन पब्लिक स्कूल, राँची (झारखंड) की ऐसी ही सर्वगुण संपन्न प्रधानाध्यापिका डॉ. सुषमा दीक्षित को शिक्षा के क्षेत्र में उनके नेतृत्व, नवाचार, कठोर परिश्रम और छात्र-छात्राओं के सर्वांगीण विकास में उनके अभूतपूर्व योगदान के लिए इस वर्ष ‘बेस्ट टीचर’ के रूप में सम्मानित किया जा रहा है।

इस श्रेणी में एन.आई.टी., जमशेदपुर की सह-आचार्य डॉ. कुमारी नम्रता; सविलयन विद्यालय, दशाश्वमेध, वाराणसी की प्रधानाध्यापिका श्रीमती आरती सिंह; शिक्षा संकाय बी.एच.यू., वाराणसी की सह-आचार्य डॉ. पूनम सिंह खरवार; और एल.एन. फॉर्मेशी कॉलेज, देवरिया के प्रोफेसर (डॉ.) दुर्गेश मनि त्रिपाठी को भी सर्वश्रेष्ठ शिक्षक के सम्मान से नवाजा जाएगा।
ऑब्जर्वर बेस्ट डॉक्टर्स अवार्ड
मानव जीवन की रक्षा करने वाले धरती के भगवान कहे जाने वाले चिकित्सकों के अतुलनीय योगदान को ‘बेस्ट डॉक्टर्स अवार्ड’ के माध्यम से सराहा जा रहा है। आई.एम.एस., बी.एच.यू., वाराणसी के अनेक वरिष्ठ और प्रतिष्ठित चिकित्सकों को इस सम्मान के लिए चुना गया है, जिनमें ट्रामा सेन्टर के इन्चार्ज प्रोफेसर (डॉ.) अजीत सिंह; हृदय रोग विभाग के प्रोफेसर (डॉ.) ओम शंकर एवं प्रोफेसर (डॉ.) विकास अग्रवाल; गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग के प्रोफेसर (डॉ.) देवेश प्रकाश यादव; यूरोलॉजी विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. ललित अग्रवाल; सर सुन्दर लाल चिकित्सालय के पूर्व मेडिकल सुपरिटेन्डेन्ट डॉ. ओ.पी. उपाध्याय; जनरल सर्जरी के पूर्व विभागाध्यक्ष प्रोफेसर (डॉ.) मुमताज अहमद अंसारी; तथा आयुर्वेद संकाय (काय चिकित्सा विभाग) के प्रोफेसर (डॉ.) अजय कुमार पाण्डेय शामिल हैं।
इसके अतिरिक्त, रेलवे चिकित्सालयों में उत्कृष्ट सेवा देने वाले दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, विलासपुर के प्रधान मुख्य चिकित्सा निदेशक डॉ. देवेश कुमार; बरेका (वाराणसी) के प्रधान मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुनील कुमार, वरिष्ठ मंडल चिकित्सा अधिकारी डॉ. विजय सिंह, डॉ. संतोष कुमार मौर्य, और डॉ. मिनहाज अहमद को भी बेस्ट डॉक्टर्स अवार्ड के लिए घोषित किया गया है।
सम्मान समारोह का विस्तृत विवरण
फाउंडेशन के अध्यक्ष प्रो. (डॉ.) अमर बहादुर सिंह (डी.लिट्.) ने इस वर्ष पुरस्कृत किये जा रहे इन सभी विशिष्ट जनों के नामों की आधिकारिक घोषणा करते हुए प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने स्पष्ट किया कि पिछले वर्ष की शानदार परंपरा को कायम रखते हुए, इस वर्ष भी राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के शुभ अवसर पर यह भव्य सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा।
पुरस्कार समारोह दिनांक: 02 अक्टूबर, 2026 (शुक्रवार), अपरान्ह 03:00 बजे ‘अमर पैलेस’, प्लाट नं. 102, अशोक पुरम् कॉलोनी, मीरापुर बसही, वाराणसी (उत्तर प्रदेश) पर आयोजित किया जायेगा।
इस अवसर पर ऑब्जर्वर पीस फाउंडेशन के ट्रस्टी प्रो. (डॉ.) अमर ज्योति सिंह ने संस्था के व्यापक दृष्टिकोण पर प्रकाश डालते हुए कहा, “आज समाज में संकीर्णता तेजी से बढ़ती जा रही है और व्यक्ति अत्यधिक स्वकेन्द्रित होता जा रहा है। हमारी संस्था का मुख्य उद्देश्य इन विशिष्ट लोगों को सम्मानित करके समाज के सामने ऐसे आदर्श प्रस्तुत करना है, जिनसे प्रेरित होकर हमारी युवा पीढ़ी निस्वार्थ समाज सेवा के लिए आगे आ सके”।
यह सम्मान समारोह समाज में बढ़ रही संकीर्णता और व्यक्ति के स्वकेन्द्रित होने की प्रवृत्ति को रोकने तथा युवा पीढ़ी को निस्वार्थ समाज सेवा के लिए प्रेरित करने के एक महान उद्देश्य के साथ आयोजित किया जा रहा है।
ऑब्जर्वर पीस फाउंडेशन का यह प्रयास न केवल इन विशिष्ट विभूतियों के कार्यों का मूल्यांकन और सम्मान है, बल्कि यह संपूर्ण राष्ट्र के लिए एक संदेश है कि सत्य, निष्ठा, शिक्षा, चिकित्सा और निष्पक्ष पत्रकारिता के माध्यम से ही 21वीं सदी के एक सशक्त और शांतिपूर्ण समाज का निर्माण किया जा सकता है। महात्मा गांधी की जयंती पर आयोजित होने वाला यह समारोह समाज के इन असली नायकों को एक मंच पर लाकर नई पीढ़ी को सही दिशा दिखाने का एक मील का पत्थर साबित होगा।





